निर्भया केस: दोषी विनय का एक और पैंतरा, कोर्ट में खुद को बताया बीमार, पवन का कानूनी सहायता लेने से इनकार

निर्भया केस में दोषी विनय शर्मा की याचिका पर पटियाला हाउस कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया है। याचिका में दोषी विनय शर्मा को स्वस्थ्य नहीं बताया गया है। याचिका में कहा गया है कि विनय इस स्थिति में नहीं है कि वह अपनी मां तक को पहचान सके। विनय को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा देने की मांग की गई है।


वहीं सुनवाई के दौरान जेल प्रशासन ने दोषी विनय का स्वास्थ्य पूरी तरह से ठीक बताया। जेल प्रशासन ने कहा कि उसका इलाज कोर्ट के मुताबिक ही हुआ है। विनय को कोई मानसिक बीमारी नहीं हुई है। जेल के डॉक्टर ने इसकी पुष्टि की है।


सुनवाई के दौरान सरकारी वकील इरफान अहमद ने कहा कि दोषी विनय शर्मा ने अपनी मां और उनके वकील को हाल ही में दो फोन कॉल किए थे, इसलिए उनका वकील यह दावा क्यों कर रहे हैं कि वह अपनी मां को भी पहचानने की स्थिति में नहीं है।

फिर दोषी विनय शर्मा के वकील एपी सिंह ने कहा, “मैं 18 फरवरी को विनय शर्मा से मिला था, उस समय वीडियोग्राफी हुई थी। वीडियोग्राफी की रिपोर्ट लाइए, पता चल जाएगा कितने लोग विनय पागल को पकड़ कर लाए, कैसे वो मुझे पहचान नहीं रहा था, उसका सीधा हाथ टूटा था। अगर वीडियो में यह सब ना हो तो मैं वकालत छोड़ दूंगा।”

वहीं निर्भया केस के दूसरे आरोपी पवन गुप्ता ने तिहाड़ जेल में नई कानूनी सहायता लेने से मना कर दिया है। गौरतलब है कि बीते सप्ताह दोषी के वकील एपी सिंह ने मामले से खुद को अलग कर लिया था, जिसके बाद रवि काजी को पवन गुप्ता का नया वकील नियुक्त किया गया था। पवन गुप्ता ने अभी तक क्यूरेटिव या दया याचिका दायर नहीं की है। तीन अन्य आरोपियों के साथ उसे भी 3 मार्च को सुबह 6 बजे फांसी की सजा दी जाएगी। पवन के वकील ने मीडियाकर्मियों से कहा कि हालांकि बीते कुछ दिनों से पवन के साथ उनकी बातचीत नहीं हो पाई है, ऐसे में उनकी तरफ से कोई भी कानूनी उपाय नहीं किया गया है।

(आईएएनएस के इनपुट के साथ)

اپنی رائے یہاں لکھیں

Discover more from ورق تازہ

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading