नई दिल्ली: लोकसभा के बाद राज्यसभा में भी तीन तलाक बिल पास हो गया है,जिसके बाद से मुस्लिम समुदाय में काफी रोष फैला हुआ है,और विपक्षी दलों को निशाना बनाया जारहा है।
ऑल इण्डिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के सदस्य मौलाना खालिद रहमानी फिरंगी महली राज्यसभा में तीन तलाक बिल पारित होने के लिए विपक्ष को पूर्ण रूप से जिम्मेदार ठहराया है।

मौलाना फिरंगी महली ने कहा है कि इसके लिए वे पार्टियां जिम्मेदार हैं जो मत विभाजन के दौरान सदन में मौजूद नहीं थी। अगर ऐसे मौके पर भी आप सदन में मौजूद नहीं रहेंगे तो आपके सांसद होने का क्या अर्थ है? बता दें कि AIMPLB तीन तलाक बिल के खिलाफ रहा है।
Maulana KR Firangi Mahali, All India Muslim Personal Law Board (AIMPLB) member, on #TripleTalaqBill 2019 passed in Rajya Sabha:I blame opposition for it,especially those parties which walked out.If during such time too, you'll be absent in Parl, then there’s no use of being an MP pic.twitter.com/nDMDsdBtWJ
— ANI UP (@ANINewsUP) July 31, 2019
उच्च सदन ने मंगलवार को मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार संरक्षण) विधेयक यानी ट्रिपल तलाक बिल को 84 वोटों के मुकाबले 99 वोटों से पास कर दिया। लोकसभा इसे पहले ही पहले कर चुकी है।
विधेयक में तीन तलाक का अपराध साबित होने पर संबंधित पति को तीन वर्ष तक की जेल का प्रावधान किया गया है। वहीं, एमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ओवैसी ने उम्मीद जताई कि ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड इस बिल की वैधानिकता को चैलेंज करेगा।
ओवैसी ने अपने एक ट्वीट में लिखा कि, मुझे उम्मीद है कि भारत के संविधान की अनेकता और विविधता को बचाने की जंग में पर्सनल लॉ बोर्ड इस बिल की वैधानिकता को जरूर चैलेंज करेगा। कानूनों में समाज नहीं सुधरता. अगर ऐसा होता तो यौन शोषण, बाल शोषण, दहेज प्रताड़ना इतिहास बन चुके होते