मुंबई, दि. २० : युपीएससीके जरिये चयनित होकर केंद्रीय प्रशासकीय सेवा में अल्पसंख्यक समाज का प्रतिनिधित्व बढ़ सके, इसके लिए अल्पसंख्यक आयोग की ओर से वर्तमान में ५ जिलों में चलाई जा रही स्पर्धा परीक्षा प्रशिक्षण योजनाअब राज्य के अन्य जिलों में भी चलाने के लिए इस संदर्भ में योजना बनाने को लेकर अल्पसंख्यक विकास विभाग को निर्देश दिए गए । इसके अलावा वर्तमान में इस प्रशिक्षण योजना के तहत पढ़ाई कर रहे छात्रों को मासिक फ़ेलोशिप (विद्यावेतन)  २ हजार रुपए से ४ हजार रुपए तक करने का निर्णय भी लिया गया है। साथ ही संबंधित प्रशिक्षण संस्थाओं दी जा रही निधि की रकम भी ५० हजार रुपए तक बढ़ाने का निर्णय लिया गया है, यह जानकारी  अल्पसंख्यक विकास मंत्री श्री. नवाब मलिक ने दी।

मंत्रालय में आयोजित बैठक में इस संदर्भ में निर्णय लिए गए, अल्पसंख्याक विकास विभाग को इस तरह की सूचना भी दिए जाने की जानकारी मंत्री श्री. मलिक ने दी।

मंत्री श्री. मलिक ने बताया कि अल्पसंख्यक समाज का सरकार नौकरी में प्रतिनिधित्व बढ़ सके, इसके लिए अल्पसंख्यक आयोग के जरिये केंद्रीय लोकसेवा आयोग के स्पर्धा परीक्षाओं की तैयारी के लिए स्पर्धा परीक्षा प्रशिक्षण योजनाचलाई जाती है। राज्य प्रशासकीय प्रशिक्षण संस्था के मुंबई, कोल्हापुर, नागपुर और औरंगाबाद स्थित केंद्र एवं पुणे के यशदास्थित केंद्र में भी कुछ चयनित (निवडक होतकरु) अल्पसंख्यक छात्रों को इस योजनाओं से प्रशिक्षण दिया जाता है। प्रत्येक केंद्र में प्रत्येकी १० छात्रों का चयन किया जाता है। अब इस योजना का स्वरूप राज्य के अन्य जिलों में बढ़ाने के मद्देनज़र योजना बनाई जाने की सूचना अल्पसंख्याक विकास विभाग को दी गई है। इसके अलावा वर्तमान में राज्य प्रशासकीय प्रशिक्षण संस्था के मुंबई, कोल्हापुर, नागपुर और औरंगाबाद स्थित केंद्र एवं पुणे के यशदा के केंद्र में भी प्रशिक्षण ले रहे छात्रों को मासिक विद्यावेतन २ हजार रुपए से ४ हजार रुपए तक की बढ़ोत्तरी का निर्णय लिया गया है। इस छात्रों को छात्रावास की सुविधा भी उपलब्ध नहीं होने से उनके फ़ेलोशिप  (विद्यावेतनात) वृद्धि करने की मांग अल्पसंख्यक आयोग की ओर से की गई है। साथ ही इन प्रशिक्षण संस्थाओं को दिए जा रहे निधि की रकम ५० हजार रुपए तक बढ़ाने का निर्णय लिया गया है, यह जानकारी मंत्री श्री. नवाब मलिक ने दी है